शाहपुरा में पुराने नाले का कायाकल्प।


क्लींजरिगेट चौराहे को जलभराव से मिलेगी मुक्ति।
नई तकनीक से बनेगा आधुनिक नाला- सभापति
शाहपुरा, 18 जून। बारिश के मौसम में कालिंजर गेट चौराहे पर जलभराव की समस्या से निजात दिलाने के लिए शाहपुरा नगर परिषद ने बुधवार को वर्षों पुराने नाले के जीर्णोद्धार की शुरुआत की। यह नाला नगर के सबसे व्यस्त चौराहों में से एक पर स्थित है, जहां नाले की सफाई न होने के कारण बारिश में सड़कों पर पानी भर जाता है, जिससे यातायात और आमजन को भारी परेशानी होती है।
आधुनिक तकनीक से नाले का निर्माण करवाया जाएगा: नगर परिषद सभापति रघुनंदन सोनी ने बताया कि 40 फीट लंबे, 4 फीट चौड़े और 5 फीट गहरे नाले का निर्माण कार्य शुरू किया गया है। इस नाले में सीमेंट ब्लॉक बॉक्स लगाए जाएंगे, जिससे भविष्य में सफाई कार्य आसान होगा। उन्होंने कहा कि यह नई तकनीक नाले की कार्यक्षमता बढ़ाएगी और जलभराव की समस्या को स्थायी रूप से हल करेगी।
अधिकारियों से समीक्षा बैठक: सोनी ने बताया कि नाले के निर्माण में कई तकनीकी बाधाएं सामने आ रही हैं। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग (पीएचईडी) की पानी की पाइपलाइनें, बीएसएनएल और निजी मोबाइल कंपनियों की केबल्स नाले के मार्ग में बाधा बन रही हैं। इनके स्थानांतरण के लिए पीएचईडी, बीएसएनएल और सड़क निर्माण एजेंसी आरएसआरडीसी के सहयोग की आवश्यकता है। इस संबंध में बुधवार को उपखंड कार्यालय में एसडीएम और संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
उल्लेखनीय है कि कालिंजर गेट चौराहे पर पुराने नाले के आसपास सड़क पर 5 फीट ऊंचाई तक डामरीकरण होने से नाला गहरा होता गया और बंद हो गया था। इस कारण बारिश के दौरान जल निकासी रुक जाती थी, जिससे चौराहे पर जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो रही थी।
दो चरणों में पूरा होगा कार्य: सोनी ने बताया कि दिन व रात में चौराहे पर यातायात लगातार बना रहने को लेकर नाला निर्माण कार्य दो चरणों में पूर्ण होगा। पहले चरण में 30 फीट हिस्से को तोड़कर निर्माण पूरा किया जाएगा, ताकि यातायात बाधित नहीं हो। दूसरे चरण में शेष हिस्से का कार्य पूर्ण होगा।
सोनी ने यह भी कहा कि परिषद का यह प्रयास न केवल जलभराव की समस्या को हल करेगा, बल्कि आधुनिक तकनीक के उपयोग से नाले की दीर्घकालिक रखरखाव प्रक्रिया को भी आसान बनाएगा।