पंचायत चुनाव के चलते 40 दिन खिसकीं अर्द्धवार्षिक परीक्षाएं, अजमेर में 1.25 लाख विद्यार्थी होंगे शामिल
अजमेर। पंचायत चुनाव की तैयारियों के बीच कक्षा 9 से 12वीं तक की अर्द्धवार्षिक परीक्षाओं का कार्यक्रम बदल दिया गया है। शिविरा पंचांग के अनुसार 15 से 29 अक्टूबर तक प्रस्तावित परीक्षाएं अब 25 नवंबर से शुरू होकर 7 दिसंबर तक चलेंगी। माध्यमिक शिक्षा निदेशालय ने राज्य स्तरीय समान परीक्षा योजना के तहत नई समय-सारणी जारी की है। अजमेर जिले में इन परीक्षाओं में 1.25 लाख से अधिक विद्यार्थियों के शामिल होने की संभावना है।
परीक्षाएं दो पारियों में आयोजित होंगी। पहली पारी सुबह 9:30 से दोपहर 12:45 बजे तक और दूसरी पारी दोपहर 1:15 से शाम 4:30 बजे तक चलेगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 1 से 3 दिसंबर तक परीक्षा में अंतराल रहेगा, जबकि 6 दिसंबर को अवकाश रहेगा। विद्यालय स्तर पर होने वाली प्रायोगिक एवं अन्य परीक्षाएं निर्धारित अंतराल वाले दिनों में कराई जा सकेंगी।
25 नवंबर को पहले दिन अंग्रेजी का प्रश्नपत्र होगा। पहली पारी में कक्षा 9 की अंग्रेजी, कक्षा 11 की अंग्रेजी अनिवार्य और कक्षा 12 की समाजशास्त्र की परीक्षा होगी। दूसरी पारी में कक्षा 10 की अंग्रेजी, कक्षा 11 की समाजशास्त्र और कक्षा 12 की अंग्रेजी अनिवार्य की परीक्षा आयोजित की जाएगी। 26 नवंबर को हिन्दी, 27 नवंबर को विज्ञान और संबंधित वैकल्पिक विषयों तथा 28 नवंबर को सामाजिक विज्ञान सहित विभिन्न विषयों की परीक्षाएं होंगी।
30 नवंबर को संस्कृत, उर्दू, पंजाबी, सिंधी, कम्प्यूटर विज्ञान और गृह विज्ञान जैसे विषयों की परीक्षाएं प्रस्तावित हैं। इसके बाद 4 दिसंबर को गणित, भूगोल और अंग्रेजी साहित्य तथा 5 दिसंबर को सूचना प्रौद्योगिकी, शारीरिक एवं स्वास्थ्य शिक्षा, लेखाशास्त्र, भौतिक विज्ञान, कृषि विज्ञान और विभिन्न भाषाओं के साहित्य की परीक्षाएं होंगी। अंतिम दिन 7 दिसंबर को कक्षा 11 और 12 की लोक प्रशासन की परीक्षा आयोजित की जाएगी।
28 नवंबर को कक्षा 11वीं और 12वीं के वाणिज्य वर्ग के विद्यार्थियों के लिए एक ही दिन में दो प्रमुख विषयों की परीक्षाएं निर्धारित हैं। समय-सारणी के अनुसार एक पारी में अर्थशास्त्र और दूसरी पारी में व्यवसाय अध्ययन का पेपर होगा। ऐसे में विद्यार्थियों को दोनों विषयों की तैयारी के लिए समय का संतुलित उपयोग करना होगा।
परीक्षा व्यवस्था को लेकर शिक्षा विभाग ने प्रश्नपत्रों की सुरक्षा के निर्देश भी जारी किए हैं। प्रश्नपत्र किसी भी स्थिति में निजी स्कूलों में नहीं रखे जाएंगे। इन्हें संबंधित यूसीईईओ/पीईईओ के पास सुरक्षित रखने की व्यवस्था की जाएगी। संभव होने पर प्रश्नपत्र पुलिस थानों में रखे जाएंगे। जिला स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था जिला कलेक्टर के मार्गदर्शन में सुनिश्चित की जाएगी।
परीक्षा या प्रश्नपत्र से संबंधित सूचना सोशल मीडिया पर प्रसारित होने की स्थिति में संबंधित संभागीय संयुक्त निदेशक की जिम्मेदारी तय की जाएगी। जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक दर्शना शर्मा के अनुसार, नई समय-सारणी के अनुरूप तैयारियां सुनिश्चित करने के लिए सभी ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किए गए हैं।
शिक्षाविद् मोहर सिंह सलावद के अनुसार, परीक्षाएं आगे खिसकने से विद्यार्थियों को तैयारी और स्कूलों को पाठ्यक्रम पूरा कराने के लिए अतिरिक्त समय मिलेगा। हालांकि, विज्ञान और कला वर्ग के विद्यार्थियों के सामने दिसंबर में बोर्ड की प्रायोगिक परीक्षाओं की तैयारी की चुनौती भी रहेगी। पंचायत चुनाव में शिक्षकों की ड्यूटी लगने से शिक्षण कार्य और परीक्षा व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका है।