पशु क्रूरता निवारण के लिए प्रशासन सख्तअब आमजन भी बन सकेंगे समिति के सदस्यएडीएम ज्योति ककवानी ने पशु कल्याण के लिए नवाचारों और सुझावों पर प्रभावी अमल के दिए निर्देशश्वानों में रेबीज टीकाकरण और नसबंदी के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में भी चलाया जाए विशेष अभियान
पशु क्रूरता निवारण के लिए प्रशासन सख्त
अब आमजन भी बन सकेंगे समिति के सदस्य
एडीएम ज्योति ककवानी ने पशु कल्याण के लिए नवाचारों और सुझावों पर प्रभावी अमल के दिए निर्देश
श्वानों में रेबीज टीकाकरण और नसबंदी के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में भी चलाया जाए विशेष अभियान
अजमेर, 22 अप्रैल। अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) सुश्री ज्योति ककवानी की अध्यक्षता में जिला पशु क्रूरता निवारण समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में पशुओं के प्रति क्रूरता रोकने, उनके कल्याण के लिए संचालित योजनाओं की प्रगति और जिले में पशु चिकित्सा सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ करने पर विस्तृत चर्चा की गई। अतिरिक्त जिला कलक्टर ने निर्देश दिए कि पशु क्रूरता निवारण के संबंध में प्राप्त सुझावों को विभागीय स्तर पर अनुमोदित कराकर शीघ्र धरातल पर उतारा जाए।
पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ. नवीन परिहार ने बैठक के दौरान पशु कल्याण पखवाड़ा की प्रगति, जीव-जन्तु कल्याण बोर्ड के नवीन परिपत्रों और समिति में सदस्यों के मनोनयन की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अब शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले पशु कल्याण प्रेमी भी निर्धारित शुल्क जमा कराकर समिति के सदस्य बन सकेंगे। इसके लिए बैठक में उपस्थित सदस्यों ने अपनी सहमति प्रदान की। डॉ. परिहार ने स्पष्ट किया कि जिले में पशु चिकित्सा सेवाओं को त्वरित बनाने के लिए अधिकारियों के मोबाइल नंबर सार्वजनिक किए गए हैं। किसी भी आपात स्थिति में पशुओं को समय पर उपचार मिल सकेगा।
बैठक में पशु कल्याण के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए गए। एडब्ल्यूबीआई सदस्य प्रेणा यादव ने शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण अंचलों में भी श्वानों में रेबीज बीमारी की रोकथाम के लिए टीकाकरण और नसबंदी को गति देने का सुझाव दिया। वहीं, सदस्य नीलू माथुर ने आगामी विश्व पशु चिकित्सक दिवस पर न्यायालय परिसर एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों पर निःशुल्क रेबीज टीकाकरण शिविर आयोजित करने की बात कही। डॉ. पृथ्वी सिंह ने जानकारी दी कि शहरी क्षेत्र में बीमार या दुर्घटनाग्रस्त पशुओं के निःशुल्क परिवहन के लिए हेल्पलाइन नंबर 0145-2990591 पर संपर्क किया जा सकता है।
एडीएम ककवानी ने पशु रक्षकों और जीवदया प्रेमियों से अपील की है कि वे कानून को हाथ में लेने के बजाय पुलिस हेल्पलाइन नंबर 100 या 112 पर कॉल कर प्रशासन की मदद लें। उन्होंने कहा कि निराश्रित गौवंश के भरण-पोषण और उनके बेहतर प्रबंधन के लिए जल्द ही नई नीति पर विचार किया जाएगा।
इस बैठक में सेवा परमोधर्म के संकेत वर्मा, काना, विश्व हिन्दु परिषद के चेतन, कामधेनु सेना के प्रदीप व्यास कायड़ के रोहित गुर्जर, पुष्कर गौ सेवा प्रमुख नरेन्द्र सिंह कडेल, नरवर गौशाला के ओमप्रकाश, श्रीनृसिंह गौशाला अरडका के महेनश शिवरतन एडवोकेट अंजली मिश्रा, अनिकेत माहवर एवं पशु पालन विभाग के भुवनेश, मुकेश एवं महबूब उपस्थित रहे।