कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज पुष्कर पहुंचेंगे, जिलाध्यक्षों को देंगे संगठनात्मक मजबूती का मंत्र
पुष्कर/अजमेर। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता राहुल गांधी सोमवार को पुष्कर के तिलोरा स्थित वाइल्ड रोज रिसोर्ट में आयोजित कांग्रेस के चिंतन एवं प्रशिक्षण शिविर में भाग लेंगे। इस दौरान वे राजस्थान एवं दिल्ली के नवनियुक्त कांग्रेस जिलाध्यक्षों को संगठन सुदृढ़ीकरण, जनसंपर्क और आगामी राजनीतिक चुनौतियों को लेकर मार्गदर्शन देंगे।
कांग्रेस संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के उद्देश्य से आयोजित इस प्रशिक्षण शिविर में राहुल गांधी सुबह लगभग 11 बजे पहुंचेंगे और शाम 4 बजे तक विभिन्न सत्रों में शामिल रहेंगे। कार्यक्रम के दौरान वे जिलाध्यक्षों को संबोधित करेंगे तथा संगठन की भावी रणनीति पर चर्चा करेंगे। इसके अलावा राहुल गांधी जिलाध्यक्षों और उनके परिवारों के साथ सामूहिक फोटो सत्र में भी भाग लेंगे तथा कुछ पदाधिकारियों के परिजनों से अनौपचारिक संवाद भी करेंगे।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार राहुल गांधी सुबह 9 बजे दिल्ली से रवाना होकर 10 बजे किशनगढ़ एयरपोर्ट पहुंचेंगे। वहां से सड़क मार्ग द्वारा तिलोरा स्थित कार्यक्रम स्थल पहुंचेंगे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद वे शाम को पुनः किशनगढ़ एयरपोर्ट से दिल्ली लौट जाएंगे।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम, सेफ हाउस तैयार
राहुल गांधी की यात्रा को देखते हुए प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक इंतजाम किए हैं। पुष्कर बाइपास स्थित राजकीय महिला चिकित्सालय परिसर में विशेष रूप से एक सेफ हाउस तैयार किया गया है। दिल्ली से आए एनएसजी कमांडोज के साथ स्थानीय पुलिस बल को भी तैनात किया गया है। कार्यक्रम स्थल से लेकर यात्रा मार्ग तक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
अशोक गहलोत की मौजूदगी में हुई रणनीतिक बैठक
रविवार को पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के तिलोरा पहुंचने के बाद कांग्रेस नेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में राहुल गांधी के दौरे की तैयारियों, सुरक्षा व्यवस्था, स्वागत कार्यक्रम, आवागमन और अन्य प्रबंधों को अंतिम रूप दिया गया।
बैठक में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, पूर्व आरटीडीसी अध्यक्ष धर्मेंद्र राठौड़, पीसीसी उपाध्यक्ष नसीम अख्तर इंसाफ, अजमेर शहर कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. राजकुमार जयपाल, अजमेर देहात कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. विकास चौधरी सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
संगठनात्मक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा शिविर
राजनीतिक जानकारों के अनुसार कांग्रेस द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण शिविर संगठनात्मक पुनर्गठन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आगामी चुनावों और पार्टी की जमीनी पकड़ को मजबूत करने के लिए जिलाध्यक्षों की भूमिका को और प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। राहुल गांधी का यह दौरा इसी रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है।