फसल मुआवजा, MSP खरीद घोटाले, बिजली संकट और खाद किल्लत पर सरकार को चेतावनी अजमेर,विधायक डॉ. विकास चौधरी
किसानों के साथ अन्याय बर्दाश्त नहीं — विधायक डॉ. विकास चौधरी
फसल मुआवजा, MSP खरीद घोटाले, बिजली संकट और खाद किल्लत पर सरकार को चेतावनी अजमेर
किशनगढ़ विधायक एवं जिला अध्यक्ष अजमेर ग्रामीण कांग्रेस कमेटी डॉ. विकास चौधरी ने किसानों की लगातार उपेक्षा और प्रशासनिक लापरवाही पर कड़ा आक्रोश व्यक्त करते हुए राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को तीखा पत्र लिखकर चेतावनी दी है कि यदि किसानों की समस्याओं का तत्काल समाधान नहीं हुआ तो व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा।
विधायक डॉ. चौधरी ने कहा कि एक तरफ किसान प्राकृतिक आपदाओं, बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि और आर्थिक बदहाली से टूट चुका है, वहीं दूसरी ओर सरकारी तंत्र की लापरवाही किसानों के जख्मों पर नमक छिड़कने का काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि फसल खराब होने के बाद सर्वे, बीमा क्लेम और सरकारी घोषणाएं केवल कागजों तक सीमित रह गई हैं, जबकि हजारों किसान आज भी मुआवजे की राशि के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।
जिला अध्यक्ष डॉ विकास चौधरी ने स्पष्ट कहा कि किसानों का हक रोकना किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा और लंबित फसल मुआवजा राशि सात दिनों के भीतर किसानों के खातों में नहीं पहुंची तो सरकार और प्रशासन के खिलाफ सड़क से सदन तक बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
एमएसपी खरीद केंद्रों की अव्यवस्थाओं पर विधायक ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि खरीद केंद्रों पर भारी भ्रष्टाचार, अव्यवस्था और किसानों के साथ अपमानजनक व्यवहार हो रहा है। बारदानों की कमी, तुलाई में देरी और भुगतान लटकाने की वजह से किसान 45 डिग्री तापमान में घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों को राहत देने के बजाय उन्हें प्रताड़ित करने का काम कर रही है।
डॉ. चौधरी ने कहा कि यदि खरीद केंद्रों पर पारदर्शी व्यवस्था लागू नहीं हुई, किसानों की तुलाई समय पर नहीं हुई और भुगतान तुरंत शुरू नहीं किया गया तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय कर उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की जाएगी।
चना पंजीकरण पोर्टल समय से पहले बंद किए जाने को विधायक ने “किसानों के साथ खुला अन्याय” बताते हुए कहा कि हजारों किसानों को जानबूझकर सरकारी खरीद से बाहर करने का प्रयास किया गया है ताकि किसान मजबूरी में अपनी उपज औने-पौने दामों पर व्यापारियों को बेचें। उन्होंने तुरंत पोर्टल दोबारा शुरू करने की मांग की।
विधायक ने जिले में अघोषित बिजली कटौती पर भी सरकार को घेरते हुए कहा कि भीषण गर्मी में किसानों को पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही, जिससे सिंचाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है और फसलें बर्बादी के कगार पर पहुंच गई हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कृषि बिजली आपूर्ति में तत्काल सुधार नहीं हुआ तो किसानों के साथ बिजली विभाग के खिलाफ भी उग्र आंदोलन किया जाएगा।
इसके साथ ही उन्होंने सहकारी समितियों में खाद एवं बीज की कमी पर चिंता जताते हुए कहा कि हर सीजन की तरह इस बार भी कृत्रिम संकट पैदा कर किसानों को कालाबाजारी के हवाले किया जा रहा है। सरकार यदि समय रहते पर्याप्त खाद-बीज उपलब्ध नहीं करवाती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन और राज्य सरकार की होगी।
डॉ. विकास चौधरी ने कहा कि किसान अब चुप बैठने वाला नहीं है। सरकार को यह समझना होगा कि किसान केवल वोट देने का माध्यम नहीं, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। यदि किसानों के सम्मान और अधिकारों पर चोट होगी तो कांग्रेस पार्टी किसानों के साथ मजबूती से सड़क पर संघर्ष करेगी।