पुष्कर में विभिन्न विकास कार्यों का किया लोकार्पण-शिलान्यास,ब्रह्मा मंदिर में की पूजा-अर्चना
ज्यादा से ज्यादा लोग जुड़ें वंदे गंगा जल संरक्षण-जन अभियान से, बनाएं प्रदेश को ‘हरियालो राजस्थान’ : मुख्यमंत्री शर्मा
जल का कोई विकल्प नहीं जल संरक्षण हम सबकी महती जिम्मेदारी : विधानसभा अध्यक्ष देवनानी
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में राज्य सरकार ने उठाए ठोस कदम, जनभागीदारी आवश्यक : मंत्री रावत
- पुष्कर में विभिन्न विकास कार्यों का किया लोकार्पण-शिलान्यास
- ब्रह्मा मंदिर में की पूजा-अर्चना, लगाया सिंदूर का पौधा
- ब्रह्मा घाट पर पुष्कर सरोवर का किया विधिवत पूजन
- प्रदेश में वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के सफलतम संचालन के लिए की जल संसाधन मंत्री रावत की प्रशंसा
- उमड़ा जनसैलाब, टूटे सभी रिकॉर्ड
- नाचते गाते और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जयकारे लगाते पहुंचे आमजन पांडाल में
CM BhajanLal Sharma On Pushkar Visit : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि जल का कोई विकल्प नहीं है, जल है तो कल है। ऐसे में आने वाली पीढ़ी को पर्याप्त जल उपलब्ध कराने के लिए जल संरक्षण हम सबकी महती जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने जल की आवश्यकता को समझते हुए प्रदेशभर में विश्व पर्यावरण दिवस (5 जून) के अवसर पर वंदे गंगा जल संरक्षण-जन अभियान की शुरूआत की है। जन जागरूकता और सहभागिता इस अभियान की सफलता का आधार है। उन्होंने आह्वान किया कि ज्यादा से ज्यादा लोग इस अभियान से जुड़ें जिससे राजस्थान में पानी की कमी नहीं रहे तथा हमारा प्रदेश हरियालो राजस्थान बने।
पुष्कर को धार्मिक-सांस्कृतिक पर्यटन केन्द्र के रूप में किया जा रहा विकसित –
शर्मा ने कहा कि पुष्कर को एक भव्य धार्मिक एवं सांस्कृतिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए राज्य सरकार द्वारा ब्रह्मा मंदिर कॉरिडोर एवं परिसर के विकास के लिए विभिन्न कार्य चरणबद्ध रूप से करवाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पहले चरण में लगभग 127 करोड़ की लागत से घाट नवीनीकरण, सावित्री वाटिका, ब्रह्मा मंदिर से ब्रह्मा घाट तक कॉरिडोर, ब्रह्मा चौक से वराह घाट तक कॉरिडोर सहित विभिन्न कार्य किए जाएंगे। साथ ही, दूसरे चरण में कुल 38 करोड़ की लागत से नया मेला मैदान, प्रवेश और सूचना केंद्र का निर्माण किया जाएगा। यह बात उन्होंने पुष्कर मेला मैदान में आयोजित “वंदे गंगा” जल संरक्षण – जन अभियान की विशाल जन सभा में कहीं।
जल संसाधन मंत्री रावत की प्रशंसा –
मुख्यमंत्री शर्मा ने मंच से ही पूरे प्रदेश में “वंदे गंगा” जल संरक्षण – जन अभियान के सफलतम संचालन करने के लिए जल संसाधन विभाग के कैबिनेट मंत्री सुरेश सिंह रावत की प्रशंसा की। पांडाल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जल संचयन को बढ़ावा देने के लिए देशभर में ‘कैच द रेन’ अभियान प्रारंभ किया था। इस अभियान से प्रेरणा लेकर राज्य सरकार ने ‘कर्मभूमि से मातृभूमि’ अभियान का शुभारंभ किया। इसके तहत प्रवासी राजस्थानी के योगदान से राज्य में अगले चार साल में लगभग 45 हजार जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण किया जाएगा।
जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत ने कहा कि वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान प्रदेश के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने आमजन से इस अभियान में बढ़ चढ़कर भागीदारी करने की अपील करते हुए कहा कि हम सबको जल संरक्षण के प्रति जागरूक रहते हुए जल का विवेकपूर्ण उपयोग करना चाहिए। हमारी सरकार ने राजस्थान की विषम भौगोलिक परिस्थितियों को समझते हुए डेढ साल में पानी की निर्बाध आपूर्ति के लिए लगातार निर्णय लिए हैं। उन्होंने कहा कि रामजल सेतु लिंक परियोजना से प्रदेश के 17 जिलों के लोगों को पेयजल मिलेगा और लगभग 4.74 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी। इसी तरह, शेखावाटी अंचल में यमुना जल समझौता से क्षेत्र के लोगों को पानी की निर्बाध आपूर्ति मिलेगी। इंदिरा गांधी नहर, देवास परियोजना, माही बांध, सोम-कमला-अंबा सहित विभिन्न परियोजनाओं के माध्यम से राज्य में जल संचयन तथा पानी की उपलब्धता को बढ़ावा दिया जा रहा है। यशस्वी प्रधानमंत्री पानी के क्षेत्र में राजस्थान को आत्मनिर्भर बनाने के लक्ष्य के साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा पुष्कर विधानसभा क्षेत्र सहित संपूर्ण प्रदेश के चहुंमुखी विकास के लिए की गई घोषणाओं के लिए ऊर्जावान मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री ने अजमेर जिले में मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 के प्रथम चरण के अंतर्गत 13.51 करोड़ रुपये के 553 जल संग्रहण संरचनाओं तथा द्वितीय चरण के अंतर्गत 9 करोड़ 61 लाख रुपये की 176 जल संग्रहण संरचनाओं का वर्चुअली लोकार्पण किया। शर्मा ने अजमेर जिले के बंदिया एवं मुहामी गांव के कॉजवे एवं फीडर मरम्मत कार्य, फूल सागर बीर जलाशय का मरम्मत एवं जीर्णाेद्धार कार्य का शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने सभा स्थल पर राजीविका से जुड़ी महिलाओं द्वारा तैयार इको फ्रेंडली प्रोडक्ट्स की स्टॉल्स का अवलोकन किया। साथ ही, शर्मा ने महिलाओं को तुलसी के पौधे भी भेंट किए। उन्होंने सेंड आर्टिस्ट अजय रावत द्वारा तैयार वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान सेंड कलाकृति की सराहना की।
इस अवसर पर ब्रह्मा घाट पर वैदिक मंत्रोच्चार के साथ तीर्थराज पुष्कर का पूजन तथा जलाभिषेक किया। इससे पहले मुख्यमंत्री शर्मा और जल संसाधन मंत्री रावत ने ब्रह्मा मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की खुशहाली की कामना की तथा ब्रह्मा मंदिर परिसर में स्थित ब्रह्म वाटिका में एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत ‘सिंदूर’ का पौधरोपण भी किया। साथ ही, एमपी मानसिंगका चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से स्थापित ब्रह्मा मंदिर निःशुल्क लिफ्ट सेवा का शुभारंभ किया।
इस दौरान देवनारायण बोर्ड के अध्यक्ष ओमप्रकाश भड़ाना, विधायक अनीता भदेल, रामस्वरूप लांबा सहित जनप्रतिनिधिगण, भाजपा पदाधिकारिगण, वरिष्ठ अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और आमजन उपस्थित रहे।