राजस्थान बनेगा ग्रीन एनर्जी हब, टोल चार्ज होंगे कम; कैबिनेट बैठक में कई बड़े फैसले

राजस्थान बनेगा ग्रीन एनर्जी हब, टोल चार्ज होंगे कम; कैबिनेट बैठक में कई बड़े फैसले
Spread the love

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में हुई राजस्थान कैबिनेट और मंत्रिपरिषद बैठक में राज्य के भविष्य की दिशा तय करने वाले कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक के बाद मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ और मंत्री जोगाराम पटेल ने प्रेसवार्ता कर विस्तृत जानकारी दी।

2047 का विजन डॉक्यूमेंट

बैठक में 2047 विजन डॉक्यूमेंट को मंजूरी दी गई। इसमें हर साल के लक्ष्यों के साथ 2047 तक का रोडमैप तय किया गया है। लक्ष्य है कि वर्ष 2030 तक राजस्थान की इकोनॉमी 30 लाख करोड़ रुपये से अधिक तक पहुंचे। विजन के अनुसार हर गांव में शिक्षा, रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।

राजस्थान बनेगा ग्रीन एनर्जी हब

राज्य सरकार ने नवीकरणीय ऊर्जा पर जोर देते हुए 10 प्रस्तावों को मंजूरी दी है। इसके तहत 2,500 मेगावाट अक्षय ऊर्जा उत्पादन होगा। मंत्री राठौड़ ने कहा कि “राजस्थान ऊर्जा उत्पादन के जरिए पूरे देश को बिजली उपलब्ध कराने में सक्षम है और भविष्य में ग्रीन एनर्जी हब बनेगा।”

निर्णय के अनुसार, जहां-जहां सोलर प्रोजेक्ट लगाए जाएंगे वहां CSR का उपयोग होगा और हर कटे हुए पेड़ के बदले पांच पेड़ लगाए जाएंगे।

विकास के अन्य फैसले

  • टोल चार्ज घटाने और नियमों में बदलाव का फैसला लिया गया। अब यात्रियों को कम टोल में तेज रफ्तार सुविधा मिलेगी।
  • जयपुर टोंक रोड पर 3,500 करोड़ की लागत से वर्ल्ड क्लास कन्वेंशन सेंटर बनेगा। इसमें 7,000 सीटें और दो होटल होंगे। यह परियोजना 36 माह में पूरी होगी।
  • एविएशन क्षेत्र में एयरो स्पोर्ट्स व एडवेंचर टूरिज्म को बढ़ावा दिया जाएगा।
  • रिम्स और RUHS का विस्तार एम्स की तर्ज पर होगा। जयपुर में मेडिकल साइंसेज इंस्टीट्यूट विकसित किया जाएगा।
  • नगरीय क्षेत्रों में भूमि आवंटन की नई नीति लागू होगी, जिससे निष्पक्षता सुनिश्चित होगी।

सामाजिक कल्याण और पर्यावरण संरक्षण

  • मत्स्य अधिनियम में संशोधन करते हुए मछलियों को अनावश्यक मारना अब अपराध की श्रेणी में लाया गया।
  • धरती आवा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान से 24,308 आदिवासी परिवारों को लाभ मिलेगा। बिजली, स्वास्थ्य और शिक्षा की सुविधाएं इन क्षेत्रों तक पहुंचाई जाएंगी।

राजनीतिक समन्वय

कैबिनेट ने स्पष्ट किया कि सरकार और राज्य निर्वाचन आयोग के बीच किसी प्रकार का टकराव नहीं है। ओबीसी आरक्षण का पूरा लाभ नियमानुसार मिलेगा और वार्ड पुनर्गठन की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी।

admin - awaz rajasthan ki

Related articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *