हाईकोर्ट में दायर याचिकाओं में आपत्ति वाली ग्राम पंचायतों में विभाग के विकास कार्यों की राशि फिलहाल अटक गई है।
हाईकोर्ट में दायर याचिकाओं में आपत्ति वाली ग्राम पंचायतों में विभाग के विकास कार्यों की राशि फिलहाल अटक गई है।
पंचायत पुनर्गठन को लेकर हाईकोर्ट में दायर याचिकाओं में आपत्ति वाली ग्राम पंचायतों में विभाग के विकास कार्यों की राशि फिलहाल अटक गई है। आपत्तियों के दायरे से बाहर ग्राम पंचायतों के खाते में राशि मिलना जारी है।
पंचायतों के पुनर्गठन की प्रक्रिया में कई ग्राम पंचायतों पर आपत्तियां प्राप्त हुई थीं। इनको लेकर कोर्ट में याचिकाएं भी दाखिल हुईं। मामला कोर्ट में विचाराधीन होने के कारण इन पंचायतों पर कोर्ट में अगली सुनवाई तक विकास कार्यों से जुड़ी एसएफसी, एफएफसी सहित केन्द्र और राज्य सरकार के मदों से आने वाली राशि हस्तातंरित नहीं हो पा रही है।
इन ग्राम पंचायतों से जुड़े जनप्रतिनिधि जब विभाग में राशि हस्तातंरण नहीं होने की शिकायत लेकर पहुंचे तो विभाग . ने कोर्ट में लंबित मामले का हवाला देते हुए सिर्फ आपत्तियों वाली पंचायतों की राशि अटकने की बात कही है।
साथ ही यह भी स्पष्ट किया है कि राशि खारिज़ नहीं हुई है, केवल कोर्ट की वजह से लंबित हो रही है। शेष पंचायतों में राशियों की किश्तें भेजी जा रही है। आपत्ति वाली पंचायतों के कोर्ट से निस्तारण होने के बाद ही उनके खातों में राशि पहुंचाई जाएगी।