अनियंत्रित निजी बस पलटी, ढाई साल की मासूम की मौत, 50 घायल

गड्ढों से बचने के प्रयास में बस अनियंत्रित हुई।
कार, साइकिल को लिया चपेट में और पलटी बस।
50 घायल, घायलों में बच्चे भी शामिल।
18 गंभीर घायल रैफर, एक मासूम की मौत।
निजी एंबुलेंस चालको ने दिया मानवता का परिचय, निःशुल्क पहुंचाया भीलवाड़ा।
जर्जर सड़कों से हादसों को लेकर प्रशासन को चेताया।
स्टीयरिंग में फंसे चालक, बस के कांच फोड़ यात्रियों को जिंदा निकाला।
माता पिता बचे ढाई साल की मासूम की मौत।
शाहपुरा 23 मार्च 2026। भीलवाड़ा से शाहपुरा आ रही एक निजी बस भीलवाड़ा मार्ग पर शाहपुरा से 5 किलोमीटर दूर रायपुर चौराहे पर गड्ढों को बचाने के प्रयास में अनियंत्रित हो गई और एक साइकिल व कार को अपने चपेट में लिया और आगे जाकर पलट गई इस हादसे में 50 लोग घायल हो गए जिसमें बच्चे भी शामिल है। ढाई साल की मासूम बच्ची की मौत हो गई। 18 गंभीर घायलों को भीलवाड़ा रैफर किया।
घायल एक व्यक्ति ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि तेज रफ्तार से चल रही सड़को पर बने गड्ढों से असंतुलित हुई और बस धमाके के साथ बस पलट गई।
हो सकता था बड़ा हादसा: मौके पर उपस्थित लोगों ने बताया कि अनियंत्रित बस की टक्कर से साइकिल चालक उछल कर दूर जा गिरा और सामने से आ रही कार को भी अपनी चपेट में लिया और आगे जाकर बस पलट गई। बस पलटते से ही बस में चीखे गूंजने लगी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वाहनों की फिटनेस नहीं होने से देश में हाल ही में हुए कुछ बड़े हादसों का सीन जहन में आते ही खेतों में काम करने वाले व पास के चौराहे से लोग बस में आगजनी नहीं हो इसको लेकर आनन फानन में बस के खिड़कियां के कांच तोड़ कर लहू लुहान घायलों को बाहर निकाला। लोगों ने कहा कि भगवान का शुक्र है कि बस पलटने के बाद में कोई आगजनी जैसी घटना नहीं हुई।
आपातकालीन सेवाओं को अलर्ट किया: सूचना मिलते ही मेडिकल ऑफिसर डॉ. अशोक जैन ने तुरंत आपातकालीन सेवाओं को सक्रिय कर 108,104 एम्बुलेंस को घटना स्थल रवाना करते हुए आपातकालीन सेवाओं के लिए चिकित्सकों, स्टॉप कर्मियों को अलर्ट मोड पर किया और घायलों का प्राथमिक उपचार शुरू करवाया। गंभीर घायलों को भीलवाड़ा रैफर किया। इस दौरान एडीएम प्रकाश चंद रैगर, एसडीएम सुनील मीणा, तहसीलदार भीवराज परिहार, डिप्टी ओम प्रकाश विश्नोई, सीआई सुरेश चंद्र सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे।
मची अफरा तफरी: घटना की खबर आग की तरह क्षेत्र में फैलते ही नगर व आसपास से घायलों के परिजन अस्पताल में बड़ी संख्या में जमा हो गए वहां कोहराम मच गया। दर्जनों वाहनों से लाए जाने वाले लहूलुहान लोगों को भीड़ से निकाल कर अस्पताल के आपातकालीन कक्ष में पहुंचाने में पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
निजी एंबुलेंस चालको ने दिया मानवता का परिचय: थानाप्रभारी सुरेश चंद्र के जाप्ते ने पुलिस वाहनों से अस्पताल पहुंचाया। भीषण हादसे की सूचना मिलते ही 108, 104 कई निजी वाहन लोग घायलों को अस्पताल पहुंचाने में जुट गए। निजी एंबुलेंस चालको ने मानवता का परिचय देते हुए 18 गम्भीर घायलों को बिना शुल्क के भीलवाड़ा पहुंचाया। वही कई सामाजिक संगठनों के लोग, कई जनप्रतिनिधी अपने वस्त्रों को परवाह किए लहू लुहान घायलों को उठाकर आपात कक्ष में पहुंचाने में मदद करते दिखे।
जर्जर सड़कों को लेकर प्रशासन को चेताया: इस हादसे को लेकर भीड़ में रोष व्याप्त हो गया। लोगों ने प्रशासन को चेताते हुए कहा कि मेघा हाइवे मार्ग पर मांडल से केकड़ी तक सड़के जर्जर होकर गड्ढों में तब्दील हो रही है। टोल एजेंसी पूरा टोल वसूल रही है सड़को की मरम्मत नहीं करने से आए दिन ऐसे हादसे हो रहे है। एक सप्ताह में 40 किलोमीटर की सड़के दुरुस्त नहीं की गई तो जनता आंदोलन करेगी। जिसके लिए प्रशासन जिम्मेदार होगा।
स्टीयरिंग में फंसे चालक को जिंदा निकाला: बस की चपेट में आई कार के चालक केकड़ी निवासी प्रहलाद जाट एयर बैग खुलने से जान तो बच गई लेकिन भिड़ंत के कारण इलेक्ट्रिक कार की बॉडी स्टीयरिंग के बीच जाट बुरी तरह फंस गया। जेसीबी, कटर की मदद से लोगों ने चालक को जिंदा बाहर निकाला। कार के पीछे बैठी केकड़ी की महिला अंकिता जैन 30 तथा उनके 2 साल के मासूम बच्चा मानविक जैन के साथ अपने पीहर चित्तौड़गढ़ जारही थी बुरी तरह घायल हो गया। तीनों को भीलवाड़ा रैफर किया।
माता पिता बचे मासूम की मौत: थांवला(देवली) के महेंद्र सिंह अपनी पत्नी पुष्पा कंवर35 तथा अपनी दो पुत्री पायल4 व ढाई साल की मासूम कोमल कंवर के साथ बस से सवार थे। चारों को भीलवाड़ा रैफर कर अस्पताल में भर्ती करवाया। ढाई साल की बच्ची कोमल की मौत हो गई। शाहपुरा में मासूम के शव का पोस्टमार्टम करवाया गया। इसी तरह राजकोट देवली की रिंकू मीणा अपने दो बच्चियों इशिका5 व 3 साल की आरु के साथ बुरी तरह घायल हुई।
बामणिया की रेखा कंवर 26 अपनी 8 माह की बच्ची माया कंवर व पायल कवर 8 भी बुरी तरह घायल होने से तीनों मां बेटियों की हालत गंभीर होने से भीलवाड़ा रैफर किया गया।
यह हुए घायल: पुष्पा कंवर 35, पायल कंवर, कोमल 2.5 साल महेंद्र सिंह (ढाई साल) ,थांवला (देवली) शोभाग सिंह 65 भीलवाड़ा, राजकुमार 45, नवलगढ़ झुंझुनूं, फातमा बेगम60 साल जहाजपुर, महेंद्र मीणा 26 जहाजपुर, नीतू देवी वैष्णव शाहपुरा, रेखा कंवर 26, पायल कवर 8 साल, माया कवर 8 माह, हरि सिंह राठौड़ 19 बामणिया,
भगवत सिंह 56 भीलवाड़ा, घुमा बंजारा चित्र डूंगरी चौराहा, महेंद्र सिंह 25 देवली रिंकू मीणा 26 राजकोट, टोंक, आसिफ 40 साल टोंक शुफिया 45 टोंक, रविंद्र 54 आरणी , कुलदीप 25कुंडी, भेरूलाल बेरवा 60 तस्वारिया खुर्द, अंकित बेरवा 10 तस्वारिया खुर्द, तनवीर अहमद मांडल50, दुर्गा 50 भीलवाड़ा, हितेश बेरवा 14 कादीसहना, चेतन बेरवा 15कादीसहना, अनुष्का ढोली 25, पप्पू मोची 45 खेमा खेड़ा जहाजपुर, लादू सिंह 32 थांवला जहाजपुर, प्रहलाद जाट 40,भीलवाड़ा, मजसूत सिंह कान्वा झालावाड़, रामनिवास भील 15 जूनापानी गुना मध्य प्रदेश, विष्णु 17, अमृत भील झालावाड़, यासिर मोहम्मद 45, मथुरा देवी कुमावत 45, अनुसूभा शर्मा 45 आदि घायल हुए। अस्पताल रिकॉर्ड के अनुसार 38 को घायल जिसमें से 18 गंभीर घायलों को भीलवाड़ा रैफर करना बताया गया। जबकि कई एक दर्जन से अधिक यात्रियों के हल्की चोट के कारण घटना स्थल से ही रवाना हो
गए।