अमृत वर्षा: शाहपुरा में देर रात बरसे मेघ।
फसलों के लिए साबित होगी घी जैसी संजीवनी।
लंबे इंतजार के बाद बरसे बदरा, किसानों के चेहरे खिले, मिटे चिंता के बादल
शाहपुरा, 2 जुलाई 2026। क्षेत्र में लंबे इंतजार के बाद कल देर रात हुई झमाझम बारिश ने झुलसती फसलों और मायूस किसानों को जीवनदान दे दिया है। बारिश से जहां मौसम खुशनुमा हो गया, वहीं भीषण गर्मी और सूखे की मार झेल रहे अन्नदाताओं के चेहरे खुशी से दमक उठे हैं।
फसलों के लिए संजीवनी बनी बारिश:- स्थानीय किसानों का कहना है कि खरीफ की बुआई के बाद से ही मानसून की बेरुखी के कारण जमीन पूरी तरह सूखने लगी थी। अंकुरित हो चुकी फसलें पानी के अभाव में दम तोड़ रही थीं, जिससे किसानों के माथे पर चिंता की गहरी लकीरें खिंच गई थीं। लेकिन बीती रात हुई इस अचानक और जोरदार बारिश ने खेतों की प्यास बुझाकर फसलों में नया जीवन फूंक दिया है। किसानों ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा, यह बारिश हमारी फसलों के लिए किसी अमृत से कम नहीं है। इसने खेतों में वही काम किया है, जो किसी पकवान में शुद्ध देशी घी करता है।