ग्राम पंचायत सिरोंज में आयोजित शिविर में देखने को मिला, जहाँ वर्षों से नाम की तकनीकी त्रुटि के कारण परेशान हो रहे ग्रामीण को मौके पर
सफलता की कहानी
फॉलोअप ग्रामीण सेवा शिविर-2026
सिरोंज शिविर में दूर हुई वर्षों पुरानी नाम की अशुद्धि
रामनारायण को जमाबंदी में मिला सही नाम, सरकारी योजनाओं के लाभ की राह हुई आसान
राजस्थान सरकार द्वारा सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों के निवासियों को उनके ही गाँव में त्वरित न्याय और प्रशासनिक राहत देने के उद्देश्य से आयोजित किए जा रहे जन कल्याण शिविर के अन्तर्गत फॉलोअप ग्रामीण सेवा शिविर कैम्प-2026 आमजन के लिए वरदान साबित हो रहे हैं। ऐसा ही एक संवेदनशीलता और त्वरित कार्यवाही की मिसाल पेश करने वाला मामला जिले की अरांई तहसील के अंतर्गत ग्राम पंचायत सिरोंज में आयोजित शिविर में देखने को मिला, जहाँ वर्षों से नाम की तकनीकी त्रुटि के कारण परेशान हो रहे ग्रामीण को मौके पर ही राहत प्रदान की गई।
ग्राम गोली निवासी प्रार्थी श्री रामनारायण बैरवा ने शिविर में उपस्थित होकर एक प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया। प्रार्थी ने बताया कि ग्राम गोली के खाता संख्या 25 की वर्तमान जमाबंदी में उनका नाम गलती से रामनारायण पुत्र रामचन्द्र दर्ज हो गया था, जबकि उनके सभी पहचान दस्तावेजों में उनका सही नाम रामनारायण पुत्र रायचन्द अंकित है।
राजस्व रिकॉर्ड (जमाबंदी) में पिता का गलत नाम दर्ज होने के कारण उन्हें पिछले काफी वर्षों से विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ रहा था और आए दिन प्रशासनिक अड़चनों का सामना करना पड़ता था।
प्रार्थी की इस वाजिब समस्या को सुनकर शिविर प्रभारी एवं उपखंड अधिकारी अरांई श्रीमती नीतू मीना ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तुरंत प्रभाव से तहसीलदार अरांई को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
निर्देशों की पालना में राजस्व विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने नियमानुसार दस्तावेज व रिकॉर्ड का मिलान कर तुरंत प्रकरण तैयार किया। तहसीलदार श्रीमती नेहा कंवर ने प्रकरण में सकारात्मक अनुशंसा करते हुए पत्रावली उपखंड अधिकारी अरांई श्रीमती नीतू मीना के समक्ष प्रस्तुत की। प्रकरण की सत्यता को देखते हुए शिविर प्रभारी महोदया ने मौके पर शिविर में ही प्रार्थी का नाम राजस्व रिकॉर्ड (जमाबंदी) में दुरुस्त करने के आधिकारिक आदेश जारी कर दिए।
वर्षों पुरानी इस समस्या का शिविर में ही हाथोंहाथ निस्तारण हो जाने पर प्रार्थी श्री रामनारायण भाव-विभोर हो गए। उन्होंने बताया कि नाम में गलती होने से वे वर्षों से सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित थे, लेकिन आज उनकी यह बड़ी समस्या खत्म हो गई है। इस पारदर्शी और संवेदनशील पहल के लिए प्रार्थी ने माननीय मुख्यमंत्री महोदय, उपखंड अधिकारी, तहसीलदार तथा राजस्व विभाग के सभी अधिकारियों व कर्मचारियों का सहृदय आभार व्यक्त किया।
शिविर के दौरान अति. मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं विकास अधिकारी शिवदान सिंह, अतिरिक्त विकास अधिकारी कालूराम चौधरी, ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारी, पटवारी, गिरदावर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।